बिन बुलाए शादी समारोह में पहुंचे हुसैनाबाद एसडीओ आशीष गंगवार,लोग भड़केHussainabad SDO Ashish Gangwar arrived at the wedding ceremony uninvited, people got angry
बिन बुलाए शादी समारोह वा दस्तार बंदी में पहुंचे हुसैनाबाद एसडीओ आशीष गंगवार,लोग भड़के Hussainabad SDO Ashish Gangwar arrived at the wedding ceremony and Dastarbandi uninvited, people got angry
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हुसैनाबाद एस डी ओ से सवाल पूछते लोग |
डीजे की दहाड़ से हुसैनाबाद एसडीओ की खुली नींद नाच गाना कराया बंद
हुसैनाबाद /पलामू हुसैनाबाद के नगर पंचायत मुख्य बाजार स्थित महावीर जी भवन में हो रहे भव्य शादी समारोह में हुसैनाबाद एसडीओ आशीष गंगवार के बिन बुलाए पहुंचने से लोग भड़क गए।भड़कने की वजह लोगों द्वारा कई रूप में बताई जा रही है
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डॉक्टर नादिर रिज्वी वा अन्य उपस्थित लोग |
हुसैनाबाद एस डी ओ आशीष गंगवार को भड़कता देख मैं हुसैनाबाद एसडीओ की बकझक को सुनने उनके करीब पहुंचा जहां बहस हो रही थी । बारातियों वा उपस्थित लोगों के करीब जाकर उनके के भड़कने की मुख्य कारण को समझना चाहा तो सुनने को मिला की बारात में डी जे बजा रहे लोगों को उन्होंने हड़काते हुए बंद करा दिया है।
नाच गाना कर रही महिलाए बच्चे बच्चियों में भी हड़कंप मच गया था जिससे मौजूद अन्य लोगों में भी हड़कंप की स्थिति देखी गई। उपस्थित महिलाएं बच्चे अंबेडकर चौक से महावीर जी भवन की ओर तेज कदमों से जाते दिखाई दिए।
बूढ़े लोग हुसैनाबाद एसडीओ के तेवर को देख एक दम से घबराए हुए थे , और हुसैनाबाद एसडीओ आशीष गंगवार के हिटलर रवैए से नाराज थे । उपस्थित समारोह में मौजूद युवकों वा बारातियों में रोश देखने को भी मिला ।
आम तौर पर माहौल को खुशनुमा बनाते हुए शादी के कार्य को सम्पन्न किया जाता है। लोगों का नाचना गाना और लाउडस्पीकर या डी जे बजाना ये आम बात है। अगर इससे किसी को या किसी समुदाय को थोड़ी बहुत परेशानी महसूस होती भी है तो बर्दाश्त कर लेता है और किसी के खुशी में कोई खलल नहीं डालता है।
विवाह मंडप तथा इस्लामिक दस्तारबंदी कार्यक्रम में पहुंच कर लोगों को हड़काते हुए धमकाना ये एस डी ओ साहब के तानाशाही व्यवहार को दर्शाता है। कल की घटना के बारे में कुछ बुद्धजीवियों ने कहा की एसडीओ आशीष गंगवार का बारातियों के जश्न पर लाठी तानना अशोभनीय था ।
मुस्लिम समुदाय के लोगों पर एसडीओ का फूटा गुस्सा,एसडीओ के रवैए का क्यों किया विरोध
जवाब में पर्मिशन के बाद ही प्रोग्राम हो रहा ऐसा कमिटी वालों ने कहा।
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जलसा करने हेतु दिए आवेदन की छाया प्रति |
तभी हुसैनाबाद एसडीओ परमिशन देखने की जिद करने लगे , जब उनको कहा गया की आप के पास भी उसकी प्रतिलिपि होगी जांच कीजिए और अंततः माइक बंद करने का आदेश देते हुए लौटते दिखाई दिए । कुल मिला कर काफी देर तक अपना रोब दिखाते नजर आए ।
वहीं दूसरी ओर बहुत संतोष के साथ दोनो समुदाय के लोगों ने उनके रोब पर तीखा सवाल खड़ा किया । मुस्लिम समुदाय के लोगों ने सौहार्द की मिशाल पेश करते हुए कहा की शादी किसी की रोज रोज नहीं होती उनलोगो से हमलोगों को कोई दिक्कत नहीं है। बाजा इधर बज रहा नींद आप की खराब हो रही, हम दोनो समुदाय के लोग अपना अपना प्रोग्राम कर रहे किसी को किसी से आपत्ति नहीं है।बोलिए प्रोग्राम बंद कर देते है!
जवाब मिला नहीं साउंड कम करें । प्रोग्राम देर रात तक तक चलता रहा।
शादी करने आए लड़की पक्ष वालों में भी था क्यों भय व्याप्त
लड़की पक्ष वाले की उपस्थिति,कहा से आए थे लोग
पलामू के हुसैनाबाद में शादी करने के लिए लड़की पक्ष के दोनो परिवार के लोग बिहार के मुजफ्फर पूर वा झारखंड के गढ़वा जिला से आए हुए थे ।
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बसपा नेता शेर अली वा अन्य उद्घाटन करते हुए |
नूरानी रात के आगोश में हुई दस्तार बंदी, जलसा सम्पन
मौलाना मंजर हुसैन वा दीगर ओल्माओ ने सामूहिक रूप से बांधा अमामा
हुसैनाबाद अनुमंडल क्षेत्र के मदरसा खैरुल इस्लाम परिसर में अराकिन कमिटी मदरसा खैरुल इस्लाम परिसर में सोमवार की रात सयाहे ला मका कॉन्फ्रेंस में दस्तार बंदी की गई। जलसा का उद्घाटन दुनियावी रस्मो रिवाज के अनुसार हुसैनाबाद हरिहरगंज विधान सभा पूर्व बसपा प्रत्याशी युवा शेर अली, वरिष्ट पत्रकार सैयद , नौशाद,सैयद मशरुर अहमद, गयासुद्दीन सिद्धिकी, सुहैल आलम, मौलाना हसन फैजी, ने संयुक्त रूप से फीताकाट कर किया,
जलसे में झारखंड,बिहार, उतर प्रदेश, के दर्जनों उलमा ऐ कराम तशरीफ फरमाए थे। जिनके पवित्र हाथों से मदरसा खैरुल इस्लाम से कुरआन पाक मुकम्मल हिफ्ज करने वाले चार हुफफाज ए कराम के सरो पर दस्तार ए हिफ्ज़ सजाया गया।
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